
Deoghar: देवघर पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर की अध्यक्षता में शुक्रवार को मासिक क्राइम बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले के सभी थाना प्रभारी और DSP स्तर के अधिकारी मौजूद रहे। इस दौरान अलग-अलग थानों में दर्ज मामलों की स्थिति, लंबित केस और पुराने मामलों के निपटारे को लेकर समीक्षा की गई।

बैठक के बाद मीडिया से बात करते हुए SP ने बताया कि मासिक क्राइम बैठक का मुख्य उद्देश्य थानों में दर्ज मामलों की मौजूदा स्थिति की जानकारी लेना और पुराने लंबित मामलों के निष्पादन की समीक्षा करना है। प्रत्येक थाना प्रभारी से उनके क्षेत्र के केसों की रिपोर्ट ली जाती है और लंबित मामलों को लेकर जरूरी दिशा-निर्देश दिए जाते हैं।

अगले तीन साल के लंबित केसों पर विशेष फोकस
SP ने कहा कि पुलिस का लक्ष्य पुराने लंबित मामलों के निपटारे की रफ्तार बढ़ाना है। उन्होंने बताया कि आने वाले समय में लंबित मामलों के तेजी से निष्पादन की दिशा में काम किया जाएगा और कोशिश होगी कि तीन महीने के भीतर लंबित केसों के 50 प्रतिशत तक का निष्पादन किया जा सके।
श्रावणी मेले से मिली सीख की भी समीक्षा
बैठक में हाल में संपन्न श्रावणी मेले की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी चर्चा हुई। मेले के दौरान किन व्यवस्थाओं में कमी रह गई और किन पहलुओं को आगे और बेहतर किया जा सकता है, इस पर अधिकारियों के साथ मंथन किया गया।
SP ने कहा कि पिछले आयोजन से मिले अनुभव के आधार पर आने वाले बड़े आयोजनों की पुलिस व्यवस्था को और बेहतर बनाने की तैयारी की जा रही है।
ई-बीट पुलिसिंग और बारकोड से होगी निगरानी
देवघर पुलिस अब ई-बीट पुलिसिंग को भी मजबूत करने पर फोकस कर रही है। SP के मुताबिक, शहर के संवेदनशील और महत्वपूर्ण स्थानों पर बारकोड लगाए जा रहे हैं। इनमें बैंक, ज्वेलरी शॉप और मॉल जैसे स्थान शामिल हैं।
पुलिसकर्मी बीट के दौरान इन स्थानों पर पहुंचकर बारकोड स्कैन करेंगे और मौके की स्थिति की जानकारी दर्ज करेंगे। इससे पुलिस को यह पता लगाने में मदद मिलेगी कि बीट कर्मचारी निर्धारित स्थान पर पहुंचे या नहीं और वहां की मौजूदा स्थिति क्या है।
दुर्गा पूजा को लेकर पेट्रोलिंग बढ़ाने की तैयारी
आने वाले दुर्गा पूजा पर्व को देखते हुए गश्ती दल, ई-बीट पुलिसिंग और पेट्रोलिंग व्यवस्था को और मजबूत करने पर भी जोर दिया गया है। पुलिस का प्रयास है कि पूजा के दौरान भीड़भाड़ वाले इलाकों और संवेदनशील स्थानों पर लगातार निगरानी बनी रहे।
बैठक में थाना स्तर पर अपराध नियंत्रण, लंबित मामलों के निष्पादन और आने वाले त्योहारों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।


