
Giridih: गिरिडीह जिले के मुफ्फसिल थाना क्षेत्र में हुए चर्चित रितिक यादव हत्याकांड की गुत्थी को पुलिस ने सुलझा लिया है। पुलिस जांच में हत्या की मुख्य वजह छह महीने पुरानी रंजिश सामने आई है। इस सिलसिले में मुफ्फसिल थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए AJSU छात्र मोर्चा के नेता अनुज यादव और उसके साथी सतीश यादव को गिरफ्तार कर लिया है। मंगलवार को SP डॉक्टर विमल कुमार, सदर SDPO जितवाहन और थाना प्रभारी ज्ञान रंजन ने एक जॉइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इस पूरे मामले का ब्योरा दिया। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल एक कार, बांस की तीन लाठियां, पेड़ की डाली और तीन जोड़ी चप्पलें भी बरामद की हैं।

छह महीने पुराना था विवाद
SP डॉक्टर विमल कुमार ने बताया कि मृतक रितिक यादव एक ASI का बेटा था और JMM से जुड़ा हुआ था। करीब छह महीने पहले रितिक के भाई बेला यादव और अमन यादव के भाई समीर यादव के बीच किसी बात को लेकर झड़प हुई थी। अमन और इस केस का मुख्य आरोपी सतीश यादव आपस में गहरे दोस्त हैं। हालांकि उस वक्त मामले को सुलझा लिया गया था, लेकिन आरोपियों के मन में रंजिश बरकरार थी।

लघुशंका के लिए रुका और हो गया हमला
घटना वाले दिन रितिक यादव अपने दोस्तों के साथ गिरिडीह-डुमरी रोड पर स्थित बंदरकुप्पी गांव में एक चौमीन की दुकान पर गया था। वहां सतीश यादव ने रितिक को देखा और पुरानी बात को लेकर उससे बहस करने लगा। मामला बढ़ता देख सतीश अपने और साथियों को बुलाने की बात कहकर वहां से निकल गया। इसके बाद जब रितिक अपने दोस्तों के साथ अपनी कार से गिरिडीह लौट रहा था, तभी रास्ते में एक धार्मिक स्थल के पास वे लघुशंका के लिए रुके।
सिर पर लाठी से वार कर ली जान
इसी दौरान सतीश यादव, AJSU छात्र नेता अनुज यादव और उनके करीब आठ अन्य साथी वहां आ पहुंचे। आरोपियों ने रितिक और उसके दोस्तों पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। मारपीट के दौरान सतीश और अनुज ने रितिक के सिर पर जोर से वार कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया और उसकी मौत हो गई। घटना में इस्तेमाल कार भी रितिक की ही थी। पुलिस फिलहाल इस मामले में शामिल बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है।


