
Cyber fraudsters arrested: साइबर क्राइम के लिए मशहूर जामताड़ा जिले में पुलिस को ऑनलाइन ठगी करने वाले गिरोह के खिलाफ एक और बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। जामताड़ा के पुलिस अधीक्षक (SP) शंभू कुमार सिंह को मिली गुप्त और सटीक सूचना के आधार पर कर्माटांड़ और नारायणपुर थाना क्षेत्रों में ताबड़तोड़ छापेमारी की गई। इस विशेष कार्रवाई में पुलिस ने मौके से 4 शातिर साइबर अपराधियों को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया है।

फर्जी सिम और मोबाइलों का मिला जखीरा
रविवार को साइबर थाना परिसर में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरी घटना की जानकारी देते हुए साइबर पुलिस उपाधीक्षक (DSP) अमित रविदास ने बताया कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान हाशिम अंसारी, सैयद अंसारी, कौसर अंसारी और आफताब अंसारी के रूप में हुई है। तलाशी के दौरान पुलिस ने इन शातिर अपराधियों के पास से फर्जी पहचान पत्रों के आधार पर एक्टिवेट किए गए 10 फर्जी सिम कार्ड और ठगी की वारदातों में इस्तेमाल होने वाले 9 मोबाइल फोन बरामद किए हैं।

देशभर के लोगों को बनाते थे अपना शिकार
पुलिस की पूछताछ के दौरान पकड़े गए चारों साइबर ठगों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। आरोपियों ने चौंकाने वाले खुलासे करते हुए बताया कि वे अलग-अलग फर्जी तरीकों और झांसों में फंसाकर देश के कई राज्यों में रहने वाले निर्दोष लोगों से ऑनलाइन ठगी किया करते थे। बैंक अधिकारी बनकर, केवाईसी (KYC) अपडेट कराने के नाम पर या रिवॉर्ड पॉइंट्स का लालच देकर लोगों के गाढ़ी कमाई के पैसे उड़ाना इनका मुख्य पेशा था।
कड़ाई से पूछताछ और आगे का नेटवर्क खंगालने में जुटी पुलिस
साइबर डीएसपी ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों का पुराना क्रिमिनल रिकॉर्ड खंगाला जा रहा है और इनके बाकी साथियों का सुराग लगाने की कोशिश जारी है। पुलिस अब इन फर्जी सिम कार्ड्स और मोबाइल नंबर्स की पूरी कॉल डिटेल निकाल रही है ताकि इस बात का पता लगाया जा सके कि इन्होंने अब तक देश के किन-किन राज्यों में कितने लोगों को अपना शिकार बनाया है और ठगी के पैसे को किस अकाउंट में ट्रांसफर करते थे।


