
Jharkhand High Court: झारखंड के सड़क निर्माण विभाग के तहत दुमका और साहिबगंज डिवीजन में काम कर रहे संविदा ड्राइवरों के लिए झारखंड हाईकोर्ट से बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है। पिछले दस साल से भी अधिक समय से विभाग में अपनी सेवाएं दे रहे इन चालकों ने सेवा स्थायी करने की मांग को लेकर हाईकोर्ट में रिट याचिका दाखिल की थी। इस याचिका पर सुनवाई करते हुए अदालत ने कर्मचारियों के हित में एक अहम अंतरिम आदेश जारी किया है।

10 साल से काम करने के बावजूद नहीं किया गया परमानेंट
जस्टिस दीपक रोशन की अदालत में इस मामले की सुनवाई हुई। प्रार्थी चंद्रशेखर भंडारी, सुरेश कुर्मानी और भूषण पासवान की तरफ से पक्ष रखते हुए वकीलों ने कोर्ट को बताया कि ये सभी चालक एक दशक से भी ज्यादा वक्त से लगातार अपनी सेवाएं दे रहे हैं। इतने लंबे समय तक विभाग का काम संभालने के बावजूद अब तक इनकी सेवा नियमित नहीं की गई है।

सरकार से मांगा जवाब, वेतन जारी रखने का निर्देश
अदालत ने अधिवक्ताओं की दलीलों पर संज्ञान लेते हुए राज्य सरकार से इस पूरे मामले में जवाब तलब किया है। इसके साथ ही कोर्ट ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि सभी याचिकाकर्ता वर्तमान में जहां भी काम कर रहे हैं, उन्हें बिना किसी रुकावट के काम करने दिया जाए और उनके मासिक मानदेय का भुगतान भी नियमित रूप से जारी रखा जाए। अदालत ने इस मामले की अगली सुनवाई के लिए 16 दिसंबर की तारीख तय की है।


