
Gumla: गुमला शहर में जीवित्पुत्रिका यानी जितिया पर्व को लेकर महिलाओं में भारी उत्साह और भक्ति का माहौल देखने को मिला। अपने बच्चों की लंबी उम्र, निरोग काया और सुख-समृद्धि की कामना को लेकर माताओं ने पूरी श्रद्धा के साथ निर्जला उपवास रखकर भगवान की पूजा-अर्चना की।

मंदिरों में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़, विशेष तैयारियां
जितिया पर्व के अवसर पर शहर के प्रसिद्ध राधा-कृष्ण मंदिर और रौनियार मंदिर में सुबह से ही महिला श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जुटने लगी थी। पर्व को लेकर मंदिर कमेटियों की ओर से विशेष तैयारियां की गई थीं। महिलाओं ने पारंपरिक रीति-रिवाज के अनुसार पूजा सामग्री अर्पित कर अपने पुत्र और पुत्रियों के उज्ज्वल भविष्य की प्रार्थना की।

पंडितों ने सुनाई जीवित्पुत्रिका व्रत की कथा
पूजा-अर्चना संपन्न होने के बाद मंदिर परिसरों में पंडितों द्वारा महिलाओं को जीवित्पुत्रिका व्रत की पौराणिक कथा सुनाई गई। श्रद्धालुओं ने एकाग्रचित्त होकर कथा का श्रवण किया और धूप, दीप तथा अक्षत से भगवान का आशीर्वाद लिया। पूरे पूजा कार्यक्रम के दौरान मंदिर परिसर भक्ति गीतों और जयकारों से गुंजायमान रहे।
शहरभर में रहा धार्मिक माहौल
मंदिरों के अलावा शहर के विभिन्न इलाकों और मोहल्लों में भी महिलाओं ने सामूहिक रूप से एकत्रित होकर पूजा-अर्चना की। पर्व को लेकर पूरे गुमला शहर में दिनभर आध्यात्मिक और धार्मिक वातावरण बना रहा।


