
Godda: गोड्डा नगर थाना क्षेत्र के कारगिल चौक के पास बंगाल ज्वेलर्स में 8 जुलाई 2026 को तीन हथियारबंद बदमाशों ने लूट की वारदात को अंजाम दिया था। दुकान के मालिक बासुदेव राव की शिकायत पर 9 जुलाई को गोड्डा नगर थाना में कांड संख्या 125/26 दर्ज किया गया था। मामले में BNS और Arms Act की धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया।

घटना की गंभीरता को देखते हुए SP ने SDPO आकाश भारद्वाज के नेतृत्व में SIT बनाई थी।

72 घंटे में दो आरोपी पकड़े गए
पुलिस के अनुसार, SIT ने घटना के 72 घंटे के भीतर मामले में शामिल आरोपियों तक पहुंच बनाई। सबसे पहले राजेश यादव और अजीत यादव को गिरफ्तार किया गया। राजेश यादव के घर से 39.93 ग्राम सोना, 41,500 रुपये कैश और घटना में इस्तेमाल किया गया पिस्टल बरामद होने की बात पुलिस ने कही है।
इसके बाद दुमका पुलिस की मदद से दानवीर पासवान को गिरफ्तार किया गया। उसके पास से वारदात में इस्तेमाल की गई नीले रंग की Apache बाइक बरामद की गई।
रेकी और लूट का सोना बेचने में मदद का आरोप
जांच के दौरान पुलिस को घटना की रेकी करने, अपराधियों को सूचना देने और लूटे गए सोने को बेचने में मदद करने वाले लोगों के बारे में जानकारी मिली। पुलिस ने इस मामले में कथित मास्टरमाइंड स्वर्ण कारोबारी चन्द्रशेखर कुमार साह उर्फ पूरन साह को गिरफ्तार किया था। उसे 13 अगस्त को न्यायिक हिरासत में भेजा गया।
पुलिस के अनुसार, चन्द्रशेखर से लूटे गए सोने की खरीद-बिक्री करने वाले गोड्डा और बांका के कुछ स्वर्ण कारोबारियों को भी गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा जा चुका है।
दूसरे जिलों से भी जुड़े लूट के मामले
पुलिस के मुताबिक, पाकुड़ और गोड्डा पुलिस के संयुक्त प्रयास से बिहार के बांका जिले में फरार चल रहे प्रवीण कुमार उर्फ पारो उर्फ प्रवीण कुमार यादव को भी गिरफ्तार किया गया। उसे न्यायिक हिरासत में भेजा गया और वह फिलहाल पाकुड़ मंडल कारा में बंद है।
पुलिस ने यह भी बताया कि घटना में शामिल एक अन्य आरोपी का शव देवघर जिले के सारवां थाना क्षेत्र में मिला था।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए आरोपियों का संबंध बांका, देवघर, जामताड़ा, बोकारो और पाकुड़ जैसे आसपास के जिलों में ज्वेलरी दुकानों और CSP सेंटरों में हुई लूट की घटनाओं से भी रहा है। इन दावों की पुष्टि संबंधित मामलों की जांच और न्यायिक प्रक्रिया के आधार पर होगी।
फरार सद्दाम अंसारी भी गिरफ्तार
बंगाल ज्वेलर्स लूटकांड में पुलिस को जिस मुख्य आरोपी की तलाश थी, वह सद्दाम अंसारी भी अब गिरफ्तार हो गया है। पुलिस के अनुसार, वारदात के बाद से वह फरार था। गोड्डा के अलावा दुमका जिले के हंसडीहा और सरैयाहाट थाना में दर्ज मामलों में भी वह वांछित बताया गया है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान सद्दाम अंसारी (करीब 20 वर्ष), पिता स्वर्गीय राजू अंसारी, निवासी अम्बातरी, थाना बंधुवाकुरा, जिला बांका, बिहार के रूप में हुई है। पुलिस ने उसे गिरफ्तार करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेजने की कार्रवाई शुरू कर दी है।
आरोपी पर पहले से दर्ज हैं मामले
पुलिस के अनुसार, सद्दाम अंसारी के खिलाफ बंधुवाकुरा थाना में 2018 का एक मामला दर्ज है। इसके अलावा सरैयाहाट थाना कांड संख्या 101/26 और गोड्डा नगर थाना कांड संख्या 63/26 में भी उसका नाम सामने आया है। इन मामलों में Arms Act समेत BNS की अलग-अलग धाराओं के तहत केस दर्ज है।
बड़ी पुलिस टीम ने की कार्रवाई
सद्दाम की गिरफ्तारी और मामले की जांच में SDPO आकाश भारद्वाज, पुलिस निरीक्षक मधुसूदन मोदक, पुलिस निरीक्षक दिनेश महली, SI मनोहर कुमार, SI मनीष कुमार, गोड्डा नगर थाना प्रभारी शिवदयाल सिंह, पोड़ैयाहाट थाना प्रभारी महावीर पंडित, गोड्डा मुफस्सिल थाना प्रभारी आनंद साहा, मोतिया ओपी प्रभारी मुकेश राउत समेत कई पुलिस पदाधिकारी और जवान शामिल रहे।


