
Ranchi: झारखंड में सरकारी बाबुओं और कर्मचारियों के भ्रष्टाचार पर नकेल कसते हुए भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो यानी ACB की टीम ने गुरुवार को बड़ी कार्रवाई की है। रांची जिले के सिल्ली अंचल कार्यालय में तैनात अमीन विनोद लोहरा को 50 हजार रुपये की घूस लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया गया। अमीन की लालच की हद यह थी कि वह जमीन की मापी करने के बदले पीड़ित से पूरे 2 लाख रुपये कैश और 4 डिसमिल जमीन अपने नाम करने की खुली मांग कर रहा था।

मापी के बदले कैश के साथ मांगी थी जमीन
पूरा मामला सिल्ली अंचल से जुड़ा हुआ है। पीड़ित रैयत अपनी जमीन की सरकारी नापी कराने के लिए महीनों से अंचल कार्यालय के चक्कर काटकर परेशान था। कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाने के नाम पर जब वह CO ऑफिस के अमीन विनोद लोहरा से मिला, तो अमीन ने काम करने के बदले भारी भरकम सौदा सामने रख दिया। अमीन ने साफ कह दिया था कि जब तक 2 लाख रुपये नगद और 4 डिसमिल जमीन उसके नाम नहीं की जाएगी, तब तक नापी की रिपोर्ट आगे नहीं बढ़ेगी।

तंग आकर पीड़ित पहुंचा ACB दफ्तर
अमीन की इस मनमानी और लगातार बन रहे दबाव से तंग आकर पीड़ित ने झुकने के बजाय कानूनी सबक सिखाने की ठानी। उसने हिम्मत दिखाते हुए रांची स्थित ACB ऑफिस में अमीन के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज करा दी। ब्यूरो की टीम ने मामले का सत्यापन कराया और जब आरोपों की पुष्टि हो गई, तो आरोपी अमीन को रंगे हाथों पकड़ने के लिए एक सटीक ट्रैप प्लान तैयार किया गया।
पहली किश्त लेते ही सादे कपड़ों में खड़ी टीम ने दबोचा
तय रणनीति के तहत गुरुवार को पीड़ित व्यक्ति घूस की पहली किश्त के तौर पर 50 हजार रुपये लेकर अमीन विनोद लोहरा के पास पहुंचा। अमीन ने जैसे ही रिश्वत के केमिकल लगे नोट अपने हाथ में पकड़े, पहले से सादे कपड़ों में निगरानी कर रहे ACB के अफसरों ने तुरंत धावा बोल दिया। टीम ने विनोद लोहरा को मौके पर ही रंगे हाथों दबोच लिया और उसके हाथ धुलवाते ही नोटों का रंग सामने आ गया।
सिल्ली सीओ दफ्तर में मचा हड़कंप, रांची लाया गया आरोपी
अंचल कार्यालय परिसर में ACB की इस अचानक और जोरदार रेड से बाकी कर्मियों और दलालों के बीच अफरा-तफरी मच गई। अधिकारी आरोपी अमीन को फौरन हिरासत में लेकर रांची स्थित ACB मुख्यालय पहुंचे, जहां उससे मामले से जुड़े अन्य पहलुओं पर पूछताछ की जा रही है। भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत केस दर्ज कर आरोपी अमीन को जेल भेजने की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।


