
Sahibganj News: साहिबगंज में गंगा नदी के भीषण कटाव की वजह से रेल पटरियों पर मंडरा रहे खतरे के बीच आखिरकार एक बहुत बड़ी और राहत भरी खबर सामने आई है। महाराजपुर-सकरीगली रेलखंड के बीच पिछले छह दिनों से चल रहे रेलवे के युद्धस्तरीय बचाव अभियान के बाद गंगा के कटाव की रफ्तार पर काफी हद तक लगाम लगा दी गई है।

बोल्डर का मजबूत बॉक्स बनाकर रोका गया कटाव
महाराजपुर के पास गंगा नदी का कटाव अचानक तेजी से बढ़ने लगा था, जिससे रेलवे की डाउन लाइन पूरी तरह खतरे की जद में आ गई थी। सिचुएशन की गंभीरता को देखते हुए रेलवे प्रशासन ने दिन-रात एक करते हुए मोर्चे पर काम शुरू किया। युद्धस्तर पर बोल्डर (बड़े पत्थर) और सुरक्षा सामग्रियां डालकर कटावरोधी काम किया गया। रेलवे अब प्रभावित हिस्से को पूरी तरह सुरक्षित करने के लिए बोल्डर का एक बेहद मजबूत बॉक्स तैयार कर रहा है।

घटते जलस्तर से मिली मदद, गैप भरने का काम जारी
बताया जा रहा है कि गंगा नदी के जलस्तर और पानी के बहाव में आई कमी की वजह से राहत कार्य को काफी मजबूती मिली है। हालांकि, खतरे वाले हिस्से में कुछ जगहों पर अभी भी गैप भरने और लेवलिंग का काम लगातार जारी है। रेलवे की स्पेशल टेक्निकल टीम मौके पर पूरी स्थिति का बारीकी से इंस्पेक्शन कर रही है, ताकि सेफ्टी क्लीयरेंस मिलते ही रेल परिचालन को हरी झंडी दी जा सके।
जल्द शुरू हो सकता है प्रभावित ट्रेनों का परिचालन
गंगा के कटाव के कारण डाउन लाइन पर पिछले कई दिनों से ट्रेनों का आवागमन पूरी तरह ठप्प और डायवर्टेड है, जिसकी वजह से डेली पैसेंजर्स को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। अब कटाव पर कंट्रोल मिलने के बाद यात्रियों की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि कब से महाराजपुर-सकरीगली रूट पर ट्रेनों की आवाजाही दोबारा नॉर्मल होती है।


