
Ranchi: राजधानी रांची के बरियातू रोड स्थित ग्लोबल अस्पताल में इलाज के दौरान 23 वर्षीय काजल करमाली की अचानक हुई मौत से परिजनों में भारी आक्रोश है। मृतका गिरिडीह जिले के डुमरी (नारायणपुर) के रहने वाले सुरेश करमाली की पुत्री थीं। काजल को बीते 19 सितंबर को प्रसव (डिलीवरी) के बाद स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के कारण अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

पति का गंभीर आरोप: 28 सितंबर को अचानक बिगड़ी तबीयत
मृतका के पति रंजीत करमाली ने अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि शुरुआती इलाज के बाद उनकी पत्नी की स्थिति में सुधार हो रहा था। लेकिन 28 सितंबर को अचानक उनकी तबीयत बिगड़ने लगी और उनका पूरा शरीर काला पड़ने लगा। रंजीत का आरोप है कि अस्पताल प्रबंधन की भारी लापरवाही और बेवजह दी गई दवाइयों के असर की वजह से रविवार को उनकी पत्नी की आकस्मिक मौत हो गई।

JLKM नेता देवेंद्र नाथ महतो ने अस्पताल गेट पर दिया धरना
घटना की खबर मिलते ही JLKM (झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा) के केंद्रीय वरिष्ठ उपाध्यक्ष देवेंद्र नाथ महतो समर्थकों के साथ अस्पताल पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार के सदस्यों, शीला उरांव, सुरेश करमाली, शीला देवी, गौतम तुरी, विशाल तुरी, राहुल करमाली और अयूब अली के साथ अस्पताल के मुख्य गेट पर धरना दे दिया। समर्थकों ने कथित लापरवाही के खिलाफ अस्पताल प्रशासन के विरोध में जमकर नारेबाजी की।
घंटों चली मीटिंग के बाद माफ हुआ 5 लाख का बिल
धरना-प्रदर्शन के बाद JLKM नेता देवेंद्र नाथ महतो और अस्पताल के निदेशक रजनीश कुमार के बीच कई घंटों तक तीखी वार्ता हुई। महतो ने कहा कि मेडिकल सर्विस को पूरी तरह से बिजनेस नहीं बनाया जा सकता और मरीज की सही स्थिति जाने बिना भारी दवाइयां देना बेहद गंभीर मामला है। लंबी बातचीत के बाद अंततः अस्पताल प्रबंधन बैकफुट पर आया और इलाज पर हुए लगभग 5 लाख रुपये के पूरे खर्च को माफ करने पर सहमत हुआ, जिसके बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ।


