
डेहरी-ऑन-सोन: रोहतास जिले के नौहट्टा थाना क्षेत्र में मजदूर उपलब्ध कराने के नाम पर बुलाकर अपहरण और फिरौती मांगने के मामले का पुलिस ने कुछ ही घंटों में खुलासा करने का दावा किया है। पुलिस ने कैमूर जिले के लोहरा थाना क्षेत्र के गुल्लू गांव के जंगल से अपहृत विवेक अवस्थी को सकुशल बरामद कर लिया। मामले में मुख्य आरोपी विजय उरांव को गिरफ्तार किया गया है, जबकि उसके दो सहयोगी फरार बताए जा रहे हैं।

मजदूर लेने आए थे, जंगल में बंधक बनाने का आरोप
पुलिस के अनुसार, 18 सितंबर 2026 को दोपहर करीब 3:50 बजे नौहट्टा थाना के सरकारी मोबाइल पर अपहरण की सूचना मिली थी। बताया गया कि कानपुर के रहने वाले करीब 50 वर्षीय विवेक अवस्थी फिलहाल गुजरात में लेबर सुपरवाइजर का काम करते हैं और रोहतास में मजदूर लेने के लिए आए थे।

सूचना देने वाले के मुताबिक, विवेक अवस्थी और एक अन्य व्यक्ति, जो उन्हें मजदूर उपलब्ध कराने वाला था, दोनों को कथित तौर पर अगवा कर लिया गया था। अपहरण की जानकारी के साथ पुलिस को व्हाट्सऐप पर एक तस्वीर भी भेजी गई, जिसमें दोनों के हाथ-पैर बंधे हुए दिखाई दे रहे थे।
फोन पर दी गई जान से मारने की धमकी
पुलिस को दी गई जानकारी के अनुसार, अपहरण के बाद विजय उरांव के मोबाइल नंबर से फोन आया था। फोन करने वाले व्यक्ति ने कथित तौर पर पैसे की मांग करते हुए जान से मारने की धमकी दी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए रोहतास एसपी के निर्देश पर तत्काल विशेष टीम का गठन किया गया। टीम का नेतृत्व अंचल निरीक्षक अमझोर ने किया। इसमें नौहट्टा थानाध्यक्ष दिवाकर कुमार, पुलिस अवर निरीक्षक रविन्द्र कुमार, रोहतास थाना के पुलिस अवर निरीक्षक राकेश कुमार और सशस्त्र बल के जवान शामिल थे।
तकनीकी जांच से कैमूर तक पहुंची पुलिस
पुलिस टीम ने तकनीकी अनुसंधान और गुप्त सूचना के आधार पर कैमूर जिले के लोहरा थाना क्षेत्र के गुल्लू गांव में छापेमारी की। पुलिस के मुताबिक, गांव के जंगल से विवेक अवस्थी को सकुशल बरामद कर लिया गया।
मौके से पुलिस ने मुख्य आरोपी विजय उरांव को भी गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार, मामले में शामिल दो अन्य आरोपी अभी फरार हैं और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
पुरानी पहचान का उठाया फायदा, दो सहयोगियों के साथ रची साजिश
प्रारंभिक जांच में पुलिस को पता चला कि गिरफ्तार आरोपी विजय उरांव पहले विवेक अवस्थी के साथ काम कर चुका था और दोनों के बीच पुरानी पहचान थी। पुलिस के अनुसार, विजय के कहने पर ही विवेक मजदूर लेने के लिए नौहट्टा पहुंचे थे।
आरोप है कि इसी पुरानी पहचान का फायदा उठाकर विजय उरांव ने अपने दो अन्य सहयोगियों के साथ मिलकर अपहरण की साजिश रची। इसके बाद विवेक को बंधक बनाकर परिजनों से कथित तौर पर फिरौती की मांग की गई।
FIR दर्ज, फरार आरोपियों की तलाश
नौहट्टा थाना में कांड संख्या 246/26 दर्ज कर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 140(2)/140(3) के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ कर रही है और उसके आपराधिक इतिहास की भी जांच की जा रही है।
डेहरी के प्रभारी एसडीपीओ-2 गौरव कुमार यादव ने बताया कि मामले में फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है। उन्होंने कहा कि जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किए जाने की उम्मीद है।
(विकाश चंदन की रिपोर्ट)


