
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर जनता दल यूनाइटेड (JDU) ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। बिहार सरकार के मंत्री और यूपी JDU प्रभारी श्रवण कुमार ने कहा है कि पार्टी उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव लड़ने की तैयारी कर रही है। गठबंधन को लेकर बातचीत जारी है और सीटों पर अंतिम फैसला शीर्ष नेतृत्व के स्तर पर होना है।

हालिया बैठकों में JDU की ओर से संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने पर जोर दिया जा रहा है। पार्टी ने उत्तर प्रदेश में संगठनात्मक गतिविधियां बढ़ाई हैं और अलग-अलग क्षेत्रों में कार्यकर्ता सम्मेलन भी किए जा रहे हैं।

गठबंधन हुआ तो उसी के हिसाब से बनेगी रणनीति
श्रवण कुमार के मुताबिक, अगर गठबंधन के तहत सीटों को लेकर सहमति बनती है तो JDU उसी के अनुसार चुनावी रणनीति तैयार करेगी। वहीं, गठबंधन में सहमति नहीं बनने की स्थिति में पार्टी अपने संगठनात्मक आधार वाली सीटों पर चुनाव लड़ने की तैयारी में है।
JDU की ओर से 50 सीटों के आसपास चुनाव लड़ने की चर्चा सामने आई है। हालांकि, इसे फिलहाल पार्टी की तैयारी के तौर पर देखा जा रहा है और अंतिम सीट बंटवारा अभी तय नहीं हुआ है। हाल की रिपोर्टों में पार्टी ने यह भी संकेत दिया है कि हर सीट पर चुनाव लड़ने के बजाय मजबूत बूथ संगठन वाली सीटों पर उम्मीदवार उतारने पर ध्यान दिया जा सकता है।
बूथ स्तर पर संगठन मजबूत करने पर जोर
JDU ने यूपी में अपनी संगठनात्मक गतिविधियों को तेज किया है। जुलाई में लखनऊ में हुई प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक में 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियों और संगठन विस्तार पर चर्चा हुई थी। पार्टी ने मंडल, जिला और विधानसभा स्तर पर सम्मेलन और जनसंपर्क कार्यक्रम बढ़ाने की रणनीति बनाई है।
अगस्त में मेरठ में हुई बैठक के दौरान भी श्रवण कुमार ने कार्यकर्ताओं से संगठन को मजबूत करने और बूथ स्तर तक सक्रियता बढ़ाने की अपील की थी। उस दौरान उन्होंने 2027 के यूपी विधानसभा चुनाव में JDU के प्रत्याशी उतारने की बात कही थी।
अब सीट बंटवारे पर नजर
उत्तर प्रदेश में 2027 का विधानसभा चुनाव JDU के लिए बिहार के बाहर संगठन विस्तार का एक महत्वपूर्ण राजनीतिक प्रयास है। पार्टी की ओर से गठबंधन की संभावना खुली रखी गई है, जबकि सीटों की संख्या और उम्मीदवारों को लेकर अंतिम तस्वीर अभी सामने आनी बाकी है। अब नजर इस बात पर है कि गठबंधन को लेकर बातचीत किस दिशा में आगे बढ़ती है और JDU किन विधानसभा क्षेत्रों में अपने उम्मीदवार उतारने का फैसला करती है।
(वीरेंद्र कुमार की रिपोर्ट)


