
Ranchi: झारखंड की राजधानी रांची में लगातार बढ़ रही चेन स्नेचिंग की वारदातों पर प्रभावी नियंत्रण पाने और पूर्व में घटित घटनाओं का त्वरित उद्भेदन करने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) की अध्यक्षता में एक अहम उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में पुलिस अधीक्षक नगर, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण, पुलिस अधीक्षक यातायात, सहायक पुलिस अधीक्षक कोतवाली, प्रोबेशनर पुलिस अधीक्षक, पुलिस उपाधीक्षक नगर, पुलिस उपाधीक्षक सदर समेत सभी थानों के प्रभारी प्रमुख रूप से मौजूद रहे।

हॉटस्पॉट की पहचान और विशेष गश्ती दल की तैनाती
बैठक के दौरान चेन स्नेचिंग की घटनाओं के पैटर्न, अपराधियों के आने-जाने के संभावित मार्गों (रूट्स), संवेदनशील स्थानों और तकनीकी साक्ष्यों की बारीकी से समीक्षा की गई। इस दौरान एसएसपी ने निर्देश दिया कि शहर के सभी चेन स्नेचिंग हॉटस्पॉट और संवेदनशील क्षेत्रों को चिन्हित कर वहां नियमित और प्रभावी पुलिस गश्ती सुनिश्चित की जाए। साथ ही, असामाजिक तत्वों पर पैनी नजर रखने के लिए सादे लिबास में पुलिस बल की तैनाती के भी सख्त निर्देश दिए गए हैं।

CCTV कैमरों की समीक्षा और SIT का गठन
पुलिस को यह निर्देश दिया गया है कि पूर्व की घटनाओं का केसवार और स्थानवार विश्लेषण करते हुए अपराधियों के संभावित रूट और एग्जिट पॉइंट का पता लगाया जाए। घटनास्थल और आसपास के रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज का व्यवस्थित विश्लेषण करने को कहा गया है, और जिन इलाकों में कैमरे उपलब्ध नहीं हैं वहां स्थानीय स्तर पर सीसीटीवी लगाने के लिए लोगों को प्रोत्साहित किया जाएगा। इसके अलावा, मामलों के त्वरित खुलासे के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है। टेक्निकल सेल को मोबाइल, सीसीटीवी और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के जरिए अपराधियों के नेटवर्क की पहचान करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
पुराने अपराधियों की प्रोफाइलिंग और बाजार क्षेत्रों में सतर्कता
पुलिस अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए गए हैं कि पूर्व में चेन स्नेचिंग या इसी तरह के अन्य अपराधों में शामिल रहे अपराधियों की नए सिरे से प्रोफाइलिंग और भौतिक सत्यापन किया जाए। जेल से छूटकर बाहर आए संदिग्ध अपराधियों की गतिविधियों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। सभी थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्र के बाजारों, चौक-चौराहों, भीड़भाड़ वाली जगहों और महिलाओं की आवाजाही वाले प्रमुख मार्गों पर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं। एसएसपी ने दोटूक कहा कि इस तरह की प्रत्येक घटना को पूरी गंभीरता से लेते हुए त्वरित प्राथमिकी दर्ज की जाए, ताकि अपराधियों के नेटवर्क को नेस्तनाबूद कर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जा सके।


