
Deoghar: संताल परगना प्रमंडल के ग्रामीण क्षेत्रों तक शुद्ध पेयजल पहुंचाने और गांवों को स्वच्छ बनाने की दिशा में प्रशासनिक सख्ती बढ़ गई है। पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के सचिव अबु इमरान ने देवघर समाहरणालय में प्रमंडल के सभी छह जिलों में चल रहे ‘जल जीवन मिशन’ और ‘स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण)’ के कार्यों की जिलावार गहन समीक्षा की। उन्होंने अफसरों को स्पष्ट चेतावनी दी कि योजनाओं में किसी भी स्तर पर देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी विभाग आपसी तालमेल बनाकर तकनीकी अड़चनों को दूर करें और तय समय सीमा में काम पूरा करें।

2 अक्टूबर को मनेगा ‘जल अर्पण दिवस’, सर्टिफिकेशन पर जोर
समीक्षा के दौरान सचिव अबु इमरान ने कहा कि आगामी 2 अक्टूबर को व्यापक स्तर पर ‘जल अर्पण दिवस’ के रूप में मनाया जाएगा। इसके तहत जिन भी गांवों में नल से जल की योजना पूरी हो चुकी है, वहां ‘हर घर जल’ के प्रमाणीकरण (सर्टिफिकेशन) की प्रक्रिया को सर्वोच्च प्राथमिकता के आधार पर पूरा कराया जाए। उन्होंने हिदायत दी कि आपूर्ति के साथ-साथ पानी की गुणवत्ता की लगातार जांच होनी चाहिए, ताकि ग्रामीणों को शुद्ध पानी मिल सके।

लापरवाह एजेंसियों पर गिरेगी गाज, इंटेकवेल के पास खनन पर रोक
परियोजनाओं में सुस्ती बरतने वाले ठेकेदारों और एजेंसियों को आड़े हाथों लेते हुए सचिव ने दो-टूक कहा कि नियम के मुताबिक काम न करने वालों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए। जलस्रोतों को सूखने और क्षतिग्रस्त होने से बचाने के लिए उन्होंने सख्त निर्देश दिया कि इंटेकवेल के आसपास किसी भी प्रकार के खनन और बालू उठाव पर पूरी तरह रोक लगाई जाए। इसके अलावा अंतर-विभागीय अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) हासिल करने, सुजल आईडी बनाने और स्पर्श ऑनबोर्डिंग की पेंडेंसी को जल्द निपटाने के निर्देश दिए गए। योजनाओं के लंबे समय तक संचालन के लिए जल शुल्क वसूली में तेजी लाने और बिजली विभाग से समन्वय कर कंज्यूमर आईडी बनाने को भी कहा गया।
सिंगल यूज प्लास्टिक पर बैन के लिए ग्रामसभाओं में पास होंगे प्रस्ताव
स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) की प्रगति पर चर्चा करते हुए सचिव ने गांवों को सुंदर और स्वच्छ बनाने के लिए ‘5-स्टार ओडीएफ प्लस’ गांवों की संख्या बढ़ाने का टास्क दिया। विशेष तौर पर पीएम-जनमन योजना, सांसद आदर्श ग्राम और आकांक्षी प्रखंडों के गांवों को प्राथमिकता सूची में रखकर यह दर्जा दिया जाएगा। गांवों को कचरा और प्लास्टिक मुक्त करने के लिए बड़े पैमाने पर जागरूकता अभियान चलेगा। सचिव ने आदेश दिया कि एकल-उपयोग (सिंगल यूज) प्लास्टिक को पूर्णतः प्रतिबंधित करने के लिए सभी पंचायतों की ग्रामसभाओं में बाकायदा प्रस्ताव पारित कराया जाए।
बैठक में प्रमंडल भर के शीर्ष अधिकारी रहे मौजूद
उच्चस्तरीय बैठक में देवघर उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया समेत दुमका, गोड्डा, साहिबगंज और जामताड़ा के उप विकास आयुक्त (DDC), पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के अधीक्षण अभियंता, सभी छह जिलों के कार्यपालक अभियंता और संबंधित निर्माण एजेंसियों के प्रतिनिधि प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।


