
Bokaro: बोकारो के सदर अस्पताल में इलाज के लिए पहुंचे एक परिवार के ऊपर उस समय दुखों का पहाड़ टूट पड़ा, जब उनका साढ़े चार साल का मासूम बच्चा अचानक गायब हो गया। अस्पताल परिसर में बच्चे के न मिलने की खबर फैलते ही हड़कंप मच गया और अफरा-तफरी का माहौल बन गया। परिजनों ने बिना समय गंवाए इसकी तुरंत सूचना अस्पताल प्रबंधन और स्थानीय पुलिस को दी।

माता-पिता को खोजते हुए भटक गया था मासूम
जानकारी के अनुसार चंद्रपुरा निवासी यशोदा देवी अपने पति और साढ़े चार साल के बेटे के साथ डॉक्टर को दिखाने बोकारो सदर अस्पताल आई थीं। काउंटर से पर्ची (टोकन) लेने के बाद दंपति ने बच्चे को वहीं एक जगह बैठा दिया और खुद डॉक्टर के पास चले गए। कुछ देर बाद जब बच्चे ने अपने आसपास माता-पिता को नहीं देखा, तो वह घबराकर रोते हुए उन्हें ढूंढने के लिए अस्पताल परिसर में इधर-उधर भटकने लगा।

CCTV खंगालने में जुटी पुलिस, महिला ने की मदद
जब दंपति वापस लौटे और बच्चा अपनी जगह पर नहीं मिला, तो उन्होंने अनहोनी और बच्चा चोरी की आशंका जताते हुए अस्पताल उपाधीक्षक को मामले की जानकारी दी। सूचना मिलते ही सिटी डीएसपी और स्थानीय पुलिस की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने तुरंत अस्पताल परिसर में लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों की फुटेज खंगालना शुरू किया, जिसमें बच्चा रोते हुए अपने माता-पिता को ढूंढता हुआ नजर आया।
माता-पिता को खोजते हुए भटक गया था मासूम
इसी दौरान अस्पताल परिसर में मौजूद एक संवेदनशील महिला की नजर रोते हुए बच्चे पर पड़ी। महिला ने बच्चे को चुप कराया और उसे अपने साथ लेकर उसके परिजनों की तलाश करने लगी। कुछ ही देर की खोजबीन के बाद बच्चा सकुशल अपने माता-पिता के पास पहुंच गया। बच्चे को देखते ही माता-पिता की आंखों में आंसू आ गए और पूरे परिवार ने राहत की सांस ली।


