
Sahibganj: साहिबगंज जिले में मालदा रेलखंड पर स्थित महाराजपुर और सकरीगली रेलवे स्टेशनों के बीच गंगा नदी का जलस्तर बढ़ने से भीषण कटाव शुरू हो गया है। कटाव इतना खतरनाक रूप ले चुका है कि झुंझरी पुल के पास पोल संख्या 219/32 के समीप कटान की दूरी रेलवे ट्रैक से महज 20 से 30 मीटर ही रह गई है। अगर कटाव इसी तरह बढ़ता रहा तो पटरियों के अस्तित्व पर बड़ा संकट आ सकता है।

अधिकारियों ने लिया जायजा, मालगाड़ियों से गिराया जा रहा बोल्डर
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मालदा रेलखंड के सीनियर रेलवे अधिकारियों की टीम ने तुरंत मौके पर पहुंचकर हालात का जायजा लिया। रेलवे ट्रैक की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मालगाड़ियों के जरिए बोल्डर (बड़े पत्थर), गिट्टी और दूसरी जरूरी सामग्रियां कटाव वाले स्थान पर पहुंचाई गई हैं। रेलवे के इंजीनियर और कर्मचारी युद्धस्तर पर पत्थरों को गिराकर कटाव रोकने के काम में जुटे हुए हैं।

2 पैसेंजर ट्रेनें रद्द, 6 एक्सप्रेस ट्रेनों के बदले गए रूट
रेलवे पटरियों के पास हो रहे इस भारी कटाव को देखते हुए रेल प्रशासन ने यात्रियों की सुरक्षा के लिहाज से सख्त कदम उठाए हैं। रेलवे ने इस रूट पर चलने वाली दो पैसेंजर ट्रेनों को पूरी तरह से रद्द कर दिया है। इसके अलावा 6 मुख्य एक्सप्रेस ट्रेनों के रूट में बदलाव (डाइवर्ट) किया गया है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।
रेलवे की स्पेशल टीमें 24 घंटे रख रही हैं नजर
रेलवे प्रशासन की विशेष टीमें लगातार कटाव प्रभावित क्षेत्र पर चौबीसों घंटे निगरानी बनाए हुए हैं। पटरियों को सुरक्षित रखने के लिए लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है और राहत कार्य जारी है। अधिकारियों का कहना है कि जब तक कटाव पूरी तरह से थम नहीं जाता, तब तक रेलवे की ओर से बचाव कार्य जारी रहेगा।


