
Bokaro: बोकारो के जिला उपायुक्त अजय नाथ झा ने सोमवार को जिला कोषागार का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने सरकारी खजाने के वित्तीय कामकाज, जरूरी रजिस्टरों के रख-रखाव और दफ्तर की बाकी व्यवस्थाओं को गहराई से परखा। डीसी ने ट्रेजरी के अलग-अलग कमरों, वॉशरूम और साफ-सफाई का मुआयना किया और बेहतर व्यवस्था देखकर संतोष जताते हुए इसे लगातार बनाए रखने को कहा।

महीने के हिसाब-किताब की जांच और डीडीसी कमेटी को निर्देश
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने मासिक लेखा पंजी की जांच की। उन्होंने साफ किया कि पैसे के लेन-देन में किसी भी तरह की ढिलाई न हो, इसके लिए डीडीसी की अगुवाई में बनी जिला स्तरीय कमेटी नियमित निगरानी रखे। कमेटी के सदस्य रिपोर्ट को ठीक से देखकर उस पर अपने दस्तखत के साथ पूरा रिकॉर्ड मेंटेन करें।

दिसंबर तक खर्च करें बजट, वरना वापस चला जाएगा पैसा
डीसी ने अलग-अलग विभागों के पीएल खातों में पड़े फंड और उसके इस्तेमाल की समीक्षा की। उन्होंने देखा कि कई महकमे फंड मिलने के बाद भी उसे समय पर खर्च नहीं कर रहे हैं। इस पर उन्होंने सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि ऐसे विभागों को नोटिस भेजा जाए। अगर दिसंबर तक तय बजट का इस्तेमाल नहीं किया गया, तो नियमों के तहत पैसा वापस सरकार को सरेंडर करा दिया जाएगा।
अवैध निकासी मामले में पूरा रिकॉर्ड रखने और ऑडिट की तैयारी के आदेश
पुलिस विभाग के मद में पहले हुई अवैध निकासी के मामले पर भी डीसी ने कड़ा निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि इस गड़बड़ी के बाद से अब तक जो भी सुधारात्मक कदम उठाए गए हैं, उसका पूरा ब्योरा फाइल में दर्ज होना चाहिए। यह सारा रिकॉर्ड वित्तीय वर्ष 2026-27 की ऑडिट टीम के सामने पेश किया जाएगा ताकि किसी भी सवाल का सही जवाब दिया जा सके।
अटके बिलों का जल्द निपटारा और स्ट्रांग रूम का मुआयना
उपायुक्त ने एसी बिलों के पेंडिंग एडजस्टमेंट को जल्द से जल्द क्लीयर करने के लिए सभी संबंधित डीडीओ के साथ बैठक करने का निर्देश दिया। उन्होंने जोर देकर कहा कि वित्त विभाग और महालेखाकार के नियमों का पूरी तरह पालन होना चाहिए और सभी दस्तावेज समय पर अपडेट रहने चाहिए। दौरे के आखिर में डीसी ने सुरक्षा व्यवस्था जांचने के लिए ट्रेजरी के स्ट्रांग रूम का भी जायजा लिया।


