
Ranchi : झारखंड की महिलाएं हर दिन अपनी लगन और हुनर से नए मुकाम हासिल कर रही हैं। इसी कड़ी में राजधानी रांची के कटहल मोड़ क्षेत्र अंतर्गत पुंदाग निवासी रितु विश्वकर्मा ने अपनी कला के दम पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शहर का नाम रोशन किया है। रितु ने अपने क्रोशिया बुनाई के टैलेंट से गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में अपनी जगह बनाई है। विशाखापत्तनम में आयोजित एक बड़े मंच पर उन्होंने महिला मनोविकास संस्था के साथ मिलकर कुल 12.18 किलोमीटर यानी करीब 7.57 मील लंबी क्रोशिया बंटिंग लाइन तैयार करने में अहम भूमिका निभाई।

तीन महीने की कड़ी मेहनत और समर्पण
राजेंद्र गर्ल्स स्कूल से शुरुआती पढ़ाई और धनबाद सिंदरी से उच्च शिक्षा हासिल करने वाली रितु पिछले 15 वर्षों से लगातार बुनाई से जुड़ी हुई हैं। उनके लिए यह सिर्फ खाली वक्त बिताने का जरिया नहीं बल्कि एक कलात्मक जुनून रहा है। जब एक रिश्तेदार के जरिए उन्हें इस वैश्विक प्रतियोगिता की जानकारी मिली, तो उन्होंने तुरंत इसमें हिस्सा लेने का फैसला किया। इसके बाद लगातार तीन महीने तक रोजाना घंटों मेहनत करके उन्होंने तय मानकों के अनुसार क्रोशिया बंटिंग के कई हिस्से तैयार किए।

डाक से मिला आधिकारिक गिनीज सर्टिफिकेट
विशाखापत्तनम में आयोजित कार्यक्रम के दौरान 7 अगस्त को सबसे लंबी क्रोशिया लाइन का रिकॉर्ड दर्ज करने का प्रयास किया गया था। तमाम जांच और मापदंडों पर खरा उतरने के बाद संस्था को 3 अगस्त को ही इस उपलब्धि की सूचना मिल गई थी। इसके बाद 30 सितंबर को रितु को डाक के जरिए आधिकारिक गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड का सर्टिफिकेट सौंपा गया। पहली बार किसी अंतरराष्ट्रीय मंच पर हिस्सा लेकर यह मुकाम हासिल करने से उनका पूरा परिवार बेहद खुश है।
युवाओं के लिए प्रेरणा बनी यह उपलब्धि
अपनी इस सफलता पर रितु ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि अगर इंसान अपने पैशन को अनुशासन और कड़ी मेहनत के साथ आगे बढ़ाए, तो कोई भी मंजिल पाना असंभव नहीं है। घर के रोजमर्रा के कामों के बीच अपने हुनर को जिंदा रखकर उन्होंने यह साबित कर दिया कि सही दिशा में किया गया प्रयास हमेशा रंग लाता है। रितु की इस शानदार उपलब्धि से राजधानी रांची समेत पूरे राज्य में हर्ष का माहौल है।


