
Garhwa: गढ़वा जिला मुख्यालय के सोनपुरवा रेलवे लाइन पार रहने वाले ईरानी मूल के एक परिवार को मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) कार्यक्रम के तहत नोटिस जारी किया गया है। प्रशासन की ओर से वोटर लिस्ट में नाम बनाए रखने और सत्यापन प्रक्रिया को पूरा करने के लिए जरूरी दस्तावेजों की मांग की गई है। इस नोटिस के बाद परिवार के लोग अपने स्तर पर कागजात जुटाने और ब्लॉक कार्यालय में जमा करने की तैयारी कर रहे हैं।

1921 में भारत आया था परिवार, 2008 से दर्ज हैं नाम
परिवार की सबसे बुजुर्ग सदस्य 70 वर्षीया गुलशन बीवी के अनुसार उनके बाबा ससुर खान बाबा और उनकी पत्नी रेशम खातून साल 1921 में यहां आकर बसे थे। उनके बाद अहमद शाह और मेहरू बीवी भी गढ़वा पहुंचे। शुरुआत में यह परिवार झुग्गी-झोपड़ी में रहकर दिहाड़ी मजदूरी करता था। समय के साथ यह कुनबा बढ़कर अब 38 सदस्यों का हो चुका है। परिवार के सदस्यों का कहना है कि उनके कुल 21 सदस्यों के नाम साल 2008 से ही मतदाता सूची में दर्ज हैं और वे नियमित रूप से मतदान करते आ रहे हैं।

केवाला, आवास और अन्य पहचान पत्र मौजूद
परिवार के सदस्य इमरान खान, कश्मीरी और युवा अली खान ने बताया कि उनके पास पहचान के तौर पर वोटर आईडी, आधार और PAN कार्ड पहले से उपलब्ध हैं। इसके अलावा उनके पास 1992 का जमीन का केवाला, शहरी आवास योजना के तहत मिले दो पक्के मकान, वैध बिजली कनेक्शन, राशन कार्ड के साथ-साथ जाति, आय और निवास प्रमाण पत्र भी मौजूद हैं। हालांकि, स्थानीय स्कूल से मैट्रिक पास करने वाले अली खान ने बताया कि स्कूल में लगे विशेष कैंप में प्रक्रिया समझ न आने के कारण अब वे प्रखंड कार्यालय जाकर अपने तमाम उपलब्ध दस्तावेज अधिकारियों को सौंपेंगे। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनके पास अलग से देश की नागरिकता का कोई विशेष प्रमाण पत्र नहीं है।
प्रशासनिक स्तर पर दस्तावेजों की जांच जारी
इस पूरे मामले पर SDO सह गढ़वा 80 विधानसभा क्षेत्र के ERO कुमार मयंक भूषण ने स्पष्ट किया कि मतदाता सूची के प्रारूप प्रकाशन के साथ ही दावे और आपत्तियों के निस्तारण का कार्य नियमानुसार चल रहा है। वहीं गढ़वा DC पशुपतिनाथ मिश्रा ने बताया कि किसी विदेशी मूल के व्यक्ति के नाम शामिल होने को लेकर अभी तक कोई औपचारिक आपत्ति दर्ज नहीं कराई गई है। SIR प्रक्रिया के तहत वर्तमान में सभी दस्तावेजों की सामान्य स्क्रूटनी की जा रही है और मामला सामने आने पर नियमों के तहत ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।


