
Dumri MLA: डुमरी विधानसभा क्षेत्र के विधायक और जेएलकेएम (JLKM) प्रमुख जयराम महतो को बरवाअड्डा थाना कांड से जुड़े बहुचर्चित मामले में धनबाद की विशेष MP-MLA अदालत से बड़ी राहत मिली है। अदालत ने मामले की सुनवाई करते हुए विधायक जयराम महतो की अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है। इसके साथ ही न्यायालय ने इसी मामले के अन्य नामजद आरोपियों सुशील मंडल, महेंद्र साव और राजकुमार मंडल को भी अग्रिम जमानत प्रदान की है।

थाना प्रभारी से दुर्व्यवहार और सरकारी काम में बाधा का आरोप
यह पूरा मामला 21 अगस्त को बरवाअड्डा थाना क्षेत्र में घटी एक घटना से संबंधित है। पुलिस द्वारा दर्ज प्राथमिकी के अनुसार, विधायक जयराम महतो और उनके समर्थकों पर तत्कालीन थाना प्रभारी रवि कुमार के साथ गाली-गलौज करने, जान से मारने की धमकी देने और सरकारी काम में व्यवधान डालने का आरोप लगाया गया था। इसके अतिरिक्त थाने के हाजत में बंद आरोपी गणेश दास को बलपूर्वक छुड़ाने के प्रयास का भी गंभीर आरोप लगा था। घटना के दौरान बातचीत का एक कथित ऑडियो सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हुआ था, जिसके बाद मामले ने तूल पकड़ लिया।

पुलिस एसोसिएशन के विरोध के बीच गिरफ्तारी पर लगी रोक
वायरल ऑडियो और कथित अभद्रता के बाद झारखंड पुलिस एसोसिएशन ने विधायक के आचरण पर कड़ा रुख अख्तियार किया था। एसोसिएशन ने सार्वजनिक माफी की मांग के साथ-साथ विधायक की तत्काल गिरफ्तारी न होने पर राज्यव्यापी आंदोलन की चेतावनी दी थी। पुलिस के बढ़ते दबाव और गिरफ्तारी की आशंका के बीच विशेष अदालत से अग्रिम जमानत मिलने से अब जयराम महतो की संभावित गिरफ्तारी पर रोक लग गई है। इसे राजनीतिक और कानूनी दोनों मोर्चों पर विधायक और उनके समर्थकों के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है।
आक्रामक तेवर और विवादों से रहा है पुराना नाता
छात्र आंदोलन के जरिए सियासत में कदम रखने वाले जयराम महतो अपनी आक्रामक शैली और तल्ख बयानों को लेकर अक्सर चर्चा में रहे हैं। पूर्व में BCCL से जुड़े एक मामले के दौरान सवाल पूछे जाने पर एक व्यक्ति का मोबाइल पटकने का वीडियो सामने आने पर भी उनकी काफी आलोचना हुई थी। इसके अलावा एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में पत्रकार के साथ तीखी बहस के बाद राज्य भर के मीडियाकर्मियों ने उनके रवैये का विरोध किया था। चुनाव के दौरान पार्टी में टिकट वितरण को लेकर भी उन पर सवाल उठे थे, हालांकि ताजा अदालती फैसले ने उन्हें कानूनी संकट से बड़ी तात्कालिक राहत दी है।


