
Jharkhand election news: झारखंड में मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण को लेकर चुनाव आयोग ने अभियान तेज कर दिया है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (CEO) के. रवि कुमार ने बताया कि राज्य भर में बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) घर-घर जाकर यह सत्यापित कर रहे हैं कि योग्य नागरिकों के नाम मतदाता सूची में दर्ज हैं या नहीं। सत्यापन के दौरान यदि मतदाता अपने पते पर मौजूद नहीं मिलते, तो बीएलओ विवरणों की पुष्टि और जरूरी सुधार के लिए उन्हें फोन के जरिए संपर्क करते हैं। अक्सर देखा जाता है कि अपरिचित नंबर देखकर नागरिक फोन नहीं उठाते, जिससे डेटा अपडेशन और जरूरी संवाद में रुकावट आती है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने सभी पात्र नागरिकों से अपील की है कि वे मतदाता सूची में नाम जुड़वाने, सुधार या अपडेशन के लिए अपने बीएलओ के संपर्क में रहें और आने वाली कॉल को नजरअंदाज न करें।

ECINet ऐप से निकालें और सेव करें BLO का नंबर
मतदाताओं की सुविधा के लिए मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने सुझाव दिया है कि वे अपने मोबाइल में ईसीआईनेट (ECINet) ऐप के जरिए संबंधित बीएलओ का आधिकारिक संपर्क नंबर प्राप्त कर उसे अपने फोन में पहले से सुरक्षित कर लें। इसके लिए मतदाताओं को ऐप खोलकर ‘बीएलओ से संपर्क’ विकल्प चुनना होगा और अपनी विधानसभा तथा मतदान केंद्र से जुड़ा ब्योरा दर्ज करना होगा। ऐसा करने से स्क्रीन पर बीएलओ का नाम और नंबर आ जाएगा। फोन में नंबर सेव रहने से बीएलओ की कॉल आने पर तुरंत पहचान हो सकेगी। इसके अलावा मतदाता ऐप पर उपलब्ध ‘बुक अ कॉल विद बीएलओ’ फीचर का उपयोग करके भी सीधे अपने अधिकारी से संपर्क साध सकते हैं।

फोन न उठने पर WhatsApp पर वॉइस या टेक्स्ट मैसेज भेजेंगे BLO
घर-घर सत्यापन प्रक्रिया को पारदर्शी और सुगम बनाने के लिए के. रवि कुमार ने बीएलओ को भी विशेष कार्यशैली अपनाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि बीएलओ अपने रजिस्टर में संबंधित घर में संपर्क करने की सटीक तिथि और समय अनिवार्य रूप से दर्ज करें। यदि किसी घर में मतदाता अनुपस्थित मिलते हैं या फोन करने पर कॉल रिसीव नहीं करते, तो बीएलओ संबंधित मतदाता के नंबर पर व्हाट्सऐप के माध्यम से वॉयस नोट या टेक्स्ट मैसेज भेजें। इस मैसेज में बीएलओ अपना नाम, पद और संपर्क नंबर स्पष्ट रूप से लिखें, जिससे मतदाता कॉल की सत्यता समझ सकें और अपनी सुविधानुसार बीएलओ को वापस कॉल कर मतदाता सूची से जुड़े कार्य पूरे करा सकें।


